सनातन वाणी • भक्ति, ज्ञान और शास्त्रीय पाठ
01 Aug 2026
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वैदिक एवं पौराणिक साधना

मंत्र साधना

1100 शुद्ध मंत्रों का श्रेणीबद्ध संपादकीय संग्रह। प्रकार, उपप्रकार, देवता और कष्ट/मनोकामना के अनुसार मंत्र खोजें।

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#464 पृथ्वी

पृथ्वी नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री पृथ्वी नमः
क्षेत्र स्थिरता, धैर्य, आधार
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri prithvi namah

उद्देश्य

स्थिरता, धैर्य, आधार

लाभ / अर्थ

स्थिरता, धैर्य, आधार की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#467 पृथ्वी

पृथ्वी गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ पृथ्वी विद्महे मङ्गलमयी धीमहि तन्नो देवी प्रचोदयात्॥
क्षेत्र स्थिरता, धैर्य, आधार
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om prithvi vidmahe manggalamayi dheemahi tanno devi prachodayaat.

उद्देश्य

स्थिरता, धैर्य, आधार

लाभ / अर्थ

स्थिरता, धैर्य, आधार से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#468 पृथ्वी

पृथ्वी बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं श्रीं पृथ्वी नमः
क्षेत्र स्थिरता, धैर्य, आधार
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen shreen prithvi namah

उद्देश्य

स्थिरता, धैर्य, आधार

लाभ / अर्थ

स्थिरता, धैर्य, आधार के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#469 पृथ्वी

पृथ्वी रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री पृथ्वी रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र स्थिरता, धैर्य, आधार
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri prithvi raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, स्थिरता, धैर्य, आधार

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#470 पृथ्वी

पृथ्वी शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय पृथ्वी, मेरे स्थिरता का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र स्थिरता, धैर्य, आधार
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya prithvi, mere sthirata ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

स्थिरता, धैर्य, आधार

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#471 अग्नि

अग्नि नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री अग्नि नमः
क्षेत्र शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri agni namah

उद्देश्य

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प

लाभ / अर्थ

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#474 अग्नि

अग्नि गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ अग्नि विद्महे शुभप्रद धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om agni vidmahe shubhaprada dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प

लाभ / अर्थ

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#475 अग्नि

अग्नि बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं अग्नि नमः
क्षेत्र शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen agni namah

उद्देश्य

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प

लाभ / अर्थ

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#476 अग्नि

अग्नि रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री अग्नि रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri agni raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#477 अग्नि

अग्नि शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय अग्नि, मेरे शुद्धि का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya agni, mere shuddhi ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

शुद्धि, ऊर्जा, संकल्प

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#478 वरुण

वरुण नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री वरुण नमः
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri varuna namah

उद्देश्य

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#479 वरुण

वरुण कृपा मंत्र

सगुण मंत्र कृपा मंत्र
ॐ श्री वरुण कृपां कुरु नमः
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om shri varuna kripaan kuru namah

उद्देश्य

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन, अनुग्रह

लाभ / अर्थ

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन में अनुकूलता और श्रद्धा-भाव बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

श्रद्धा और शुद्ध उच्चारण के साथ जप करें।

#480 वरुण

वरुण कार्यसिद्धि मंत्र

सगुण मंत्र कार्यसिद्धि
ॐ श्री वरुण कार्यसिद्धिं देहि नमः
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om shri varuna kaaryasiddhin dehi namah

उद्देश्य

कार्यसिद्धि, शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

लक्ष्य पर मन को केंद्रित करने और सकारात्मक संकल्प में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

जप से पहले स्पष्ट संकल्प करें।

#481 वरुण

वरुण गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ वरुण विद्महे रक्षाकारक धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om varuna vidmahe rakshaakaaraka dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#482 वरुण

वरुण बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं वरुण नमः
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen varuna namah

उद्देश्य

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#483 वरुण

वरुण रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री वरुण रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri varuna raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#484 वरुण

वरुण शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय वरुण, मेरे शांति का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya varuna, mere shaanti ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

शांति, प्रवाह, भाव-संतुलन

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#485 वायु

वायु नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री वायु नमः
क्षेत्र प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri vaayu namah

उद्देश्य

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य

लाभ / अर्थ

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#488 वायु

वायु गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ वायु विद्महे ज्ञानरूप धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om vaayu vidmahe jnyaanaroopa dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य

लाभ / अर्थ

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#489 वायु

वायु बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं वायु नमः
क्षेत्र प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen vaayu namah

उद्देश्य

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य

लाभ / अर्थ

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#490 वायु

वायु रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री वायु रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri vaayu raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#491 वायु

वायु शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय वायु, मेरे प्राण-शक्ति का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya vaayu, mere praana-shakti ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

प्राण-शक्ति, गति, स्वास्थ्य

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#492 इन्द्र

इन्द्र नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री इन्द्र नमः
क्षेत्र बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri indra namah

उद्देश्य

बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास

लाभ / अर्थ

बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#493 इन्द्र

इन्द्र कृपा मंत्र

सगुण मंत्र कृपा मंत्र
ॐ श्री इन्द्र कृपां कुरु नमः
क्षेत्र बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om shri indra kripaan kuru namah

उद्देश्य

बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास, अनुग्रह

लाभ / अर्थ

बल, नेतृत्व, आत्मविश्वास में अनुकूलता और श्रद्धा-भाव बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

श्रद्धा और शुद्ध उच्चारण के साथ जप करें।