सनातन वाणी • भक्ति, ज्ञान और शास्त्रीय पाठ
30 Jul 2026
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वैदिक एवं पौराणिक साधना

मंत्र साधना

1100 शुद्ध मंत्रों का श्रेणीबद्ध संपादकीय संग्रह। प्रकार, उपप्रकार, देवता और कष्ट/मनोकामना के अनुसार मंत्र खोजें।

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#282 भैरव

भैरव नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री भैरव नमः
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri bhairava namah

उद्देश्य

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#283 भैरव

भैरव कृपा मंत्र

सगुण मंत्र कृपा मंत्र
ॐ श्री भैरव कृपां कुरु नमः
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om shri bhairava kripaan kuru namah

उद्देश्य

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना, अनुग्रह

लाभ / अर्थ

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना में अनुकूलता और श्रद्धा-भाव बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

श्रद्धा और शुद्ध उच्चारण के साथ जप करें।

#284 भैरव

भैरव कार्यसिद्धि मंत्र

सगुण मंत्र कार्यसिद्धि
ॐ श्री भैरव कार्यसिद्धिं देहि नमः
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om shri bhairava kaaryasiddhin dehi namah

उद्देश्य

कार्यसिद्धि, रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

लक्ष्य पर मन को केंद्रित करने और सकारात्मक संकल्प में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

जप से पहले स्पष्ट संकल्प करें।

#285 भैरव

भैरव गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ भैरव विद्महे दिव्यतेज धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om bhairava vidmahe divyateja dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#286 भैरव

भैरव बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं भैरव नमः
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen bhairava namah

उद्देश्य

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#287 भैरव

भैरव रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री भैरव रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri bhairava raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#288 भैरव

भैरव शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय भैरव, मेरे रक्षा का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र रक्षा, निर्भयता, समय-साधना
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya bhairava, mere raksha ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

रक्षा, निर्भयता, समय-साधना

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#289 बटुक भैरव

बटुक भैरव नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री बटुक भैरव नमः
क्षेत्र त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri batuka bhairava namah

उद्देश्य

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह

लाभ / अर्थ

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#292 बटुक भैरव

बटुक भैरव गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ बटुक भैरव विद्महे भक्तवत्सल धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om batuka bhairava vidmahe bhaktavatsala dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह

लाभ / अर्थ

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#293 बटुक भैरव

बटुक भैरव बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं बटुक भैरव नमः
क्षेत्र त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen batuka bhairava namah

उद्देश्य

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह

लाभ / अर्थ

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#294 बटुक भैरव

बटुक भैरव रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री बटुक भैरव रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri batuka bhairava raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#295 बटुक भैरव

बटुक भैरव शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय बटुक भैरव, मेरे त्वरित रक्षा का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya batuka bhairava, mere tvarita raksha ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

त्वरित रक्षा, सहज अनुग्रह

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#296 स्वर्णाकर्षण भैरव

स्वर्णाकर्षण भैरव नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री स्वर्णाकर्षण भैरव नमः
क्षेत्र धन-आकर्षण, स्थिरता
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri svarnaakarshana bhairava namah

उद्देश्य

धन-आकर्षण, स्थिरता

लाभ / अर्थ

धन-आकर्षण, स्थिरता की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#299 स्वर्णाकर्षण भैरव

स्वर्णाकर्षण भैरव गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ स्वर्णाकर्षण भैरव विद्महे करुणामय धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र धन-आकर्षण, स्थिरता
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om svarnaakarshana bhairava vidmahe karunaamaya dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

धन-आकर्षण, स्थिरता

लाभ / अर्थ

धन-आकर्षण, स्थिरता से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#300 स्वर्णाकर्षण भैरव

स्वर्णाकर्षण भैरव बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं स्वर्णाकर्षण भैरव नमः
क्षेत्र धन-आकर्षण, स्थिरता
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen svarnaakarshana bhairava namah

उद्देश्य

धन-आकर्षण, स्थिरता

लाभ / अर्थ

धन-आकर्षण, स्थिरता के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#301 स्वर्णाकर्षण भैरव

स्वर्णाकर्षण भैरव रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री स्वर्णाकर्षण भैरव रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र धन-आकर्षण, स्थिरता
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri svarnaakarshana bhairava raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, धन-आकर्षण, स्थिरता

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#302 स्वर्णाकर्षण भैरव

स्वर्णाकर्षण भैरव शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय स्वर्णाकर्षण भैरव, मेरे धन-आकर्षण का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र धन-आकर्षण, स्थिरता
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya svarnaakarshana bhairava, mere dhan-aakarshana ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

धन-आकर्षण, स्थिरता

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#303 काल भैरव

काल भैरव नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री काल भैरव नमः
क्षेत्र भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri kaala bhairava namah

उद्देश्य

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा

लाभ / अर्थ

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#306 काल भैरव

काल भैरव गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ काल भैरव विद्महे शुभप्रद धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om kaala bhairava vidmahe shubhaprada dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा

लाभ / अर्थ

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।

#307 काल भैरव

काल भैरव बीज-युक्त तांत्रिक मंत्र

तांत्रिक मंत्र सौम्य बीज-युक्त
ॐ ह्रीं काल भैरव नमः
क्षेत्र भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om hreen kaala bhairava namah

उद्देश्य

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा

लाभ / अर्थ

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा के प्रति श्रद्धा, मनोबल और साधना-ऊर्जा बढ़ाने में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

सौम्य तांत्रिक-रूप; गहन साधना हेतु परंपरा/गुरु-मार्गदर्शन वांछनीय है।

#308 काल भैरव

काल भैरव रक्षा मंत्र

तांत्रिक मंत्र रक्षा मंत्र
ॐ श्री काल भैरव रक्ष रक्ष स्वाहा
क्षेत्र भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri kaala bhairava raksha raksha svaaha

उद्देश्य

रक्षा, भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा

लाभ / अर्थ

भय में कमी, सुरक्षा-भाव और आंतरिक स्थिरता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

रक्षा-साधना के रूप में लोकप्रचलित।

#309 काल भैरव

काल भैरव शाबर-शैली लोकमंत्र

शाबर मंत्र सौम्य लोकमंत्र
जय काल भैरव, मेरे भय नाश का मंगल करो, स्वाहा
क्षेत्र भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

jaya kaala bhairava, mere bhay naasha ka mangal karo, svaaha

उद्देश्य

भय नाश, समय-शक्ति, सुरक्षा

लाभ / अर्थ

सरल लोक-भक्ति, मनोबल और भावनात्मक सहारे में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह सौम्य शाबर-शैली लोकजप रूप है; किसी भी हानिकारक/वशीकरण प्रयोग को शामिल नहीं किया गया है।

#310 कुबेर

कुबेर नाम मंत्र

सगुण मंत्र नाम जप
ॐ श्री कुबेर नमः
क्षेत्र धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि
स्रोत लोकप्रचलित

उच्चारण (Transliteration)

om shri kubera namah

उद्देश्य

धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि

लाभ / अर्थ

धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि की साधना-भावना, मनोबल और सकारात्मक एकाग्रता में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

दैनिक जप के लिए सरल रूप।

#313 कुबेर

कुबेर गायत्री-रूप मंत्र

गायत्री-रूप मंत्र संपादकीय गायत्री
ॐ कुबेर विद्महे रक्षाकारक धीमहि तन्नो देव प्रचोदयात्॥
क्षेत्र धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि
स्रोत संपादकीय संकलन

उच्चारण (Transliteration)

om kubera vidmahe rakshaakaaraka dheemahi tanno deva prachodayaat.

उद्देश्य

धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि

लाभ / अर्थ

धन-संचय, व्यापारिक वृद्धि से जुड़ी साधना, चिंतन और स्मरण-शक्ति में सहायक।

जप संख्या एवं नियम

यह गायत्री-रूप संपादकीय संकलन है; विभिन्न परंपराओं में पाठ-भेद संभव हैं।